बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ रोष - प्रदर्शन
पलवल
बांग्लादेश में दीपू दास की निर्मम, नृशंस और अमानवीय हत्या करने और हिंदुओं के ऊपर हो रहे अमानवीय अत्याचार के विरोध में अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद राष्ट्रीय बजरंग दल ने विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में एकत्र लोगों ने "बांग्लादेश मुर्दाबाद" के नारे लगाए। लोगों ने बांग्लादेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। विरोध प्रदर्शन कमेटी चौक पलवल से प्रारंभ होकर मीनार गेट चौक पर समाप्त हुआ। प्रदर्शन को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय बजरंगदल के उत्तर भारत क्षेत्र के महामंत्री मुनीष भारद्वाज ने कहा कि भारत ने बांग्लादेश को पाकिस्तान के अत्याचारों से बचा कर मुक्त कराया और एक स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता दिलाई, लेकिन अब बांग्लादेश की नीतियां भारत के प्रति विरोधी और संवेदनहीन हैं। बांग्लादेश में अब हिन्दुओ को चुन चुन कर निशाना बनाया जा रहा है। टीपू दास की भीड़ द्वारा नृशंस हत्या इस्लामिक जेहादियो की कुत्सित मानसिकता उजागर करती है। इस्लामिक कट्टरपंथियों के द्वारा हिन्दुओ के व्यापारिक प्रतिष्ठानों को लूटा और जलाया जा रहा है। सरे आम बहन बेटियों की इज्जत लूटी जा रही है, ये सब अब बर्दाश्त से बाहर होता जा रहा है।अब समय आ गया है सरकार सख्त कदम उठाते हुए वहां हिंदुओं की सुरक्षा करे। आवश्यकता पड़ने पर बांग्लादेश में सेना भेजी जाए। बंगलादेश के हिंदुओं की रक्षा भारत सरकार सुनिश्चित करे। 1971 में जब भारत सरकार ने बांग्लादेश को पाकिस्तान के अत्याचारों से बचाया और एक स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता दिलाई। तो अब मोदी सरकार क्यों नहीं बांग्लादेश में हिंदुओं की रक्षा कर सकती। प्रदर्शन में अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के जिलाध्यक्ष सतीश कोशिक, राष्ट्रीय बजरंगदल के विभागाध्यक्ष संजय शर्मा, विक्रम ठाकुर, अनिल वसिष्ठ, सतीश भगत सिंह, प्रवीण गुरुजी, कपिल, मूर्ति शर्मा समेत कई लोग मौजूद रहे।