जल, जंगल और जमीन संरक्षण के लिए अरावली बचाओ हस्ताक्षर अभियान चलाया गया
पलवल
मिशन प्रकृति बचाओ पर्यावरण सचेतक सेवा ट्रस्ट पलवल द्वारा रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड एवं रेलवे रोड आदि कई स्थानों पर जल, जंगल और जमीन संरक्षण के लिए अरावली बचाओ हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। ग्रीन एम्बेसडर आचार्य राम कुमार बघेल के नेतृत्व में चलाए गए हस्ताक्षर अभियान में सौ मीटर से ऊंची पहाड़ियों को ही अरावली पर्वतमाला का हिस्सा माना जायेगा, इस परिभाषा पर पुनर्विचार करने के लिए अरावली बचाओ हस्ताक्षर अभियान चलाया गया है। ग्रीन एम्बेसडर आचार्य राम कुमार बघेल का कहना है कि प्रकृति को कानून के दायरे में बांधना उचित नहीं है। प्रकृति सर्वेसर्वा ओर हम सबकी प्राणदायिनी माता के समान है। माननीय सर्वोच्च न्यायालय एवं भारत सरकार को अरावली के लिए सौ मीटर वाली परिभाषा पर पुनर्विचार करना चाहिए। हम सभी द्वारा हस्ताक्षर कर महामहिम राष्ट्रपति, माननीय प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, वन मंत्रालय आदि सभी के पास ज्ञापन भेज कर निवेदन करते हैं। इस अवसर पर मास्टर थानसिंह, महेश जोगी, देव, केशव वंदना मेडिकल स्टोर, ईश्वर राज आदि सहित विभिन्न प्रदेशों के यात्रियों , दुकानदारों एवं ऑटोचालकों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा।